नगर निगम के एफ़एंडसीसी मेम्बर का अनोखा प्रदर्शन, 1000 का काम 3677 में करवाने के आरोप, विरोध में नंगे पैर 12 किलोमीटर पैदल यात्रा निकली
Sep21,2026
| Enews Team | Ludhiana
लुधियाना। लुधियाना नगर निगम के वेस्ट मैनेजमेंट प्रोजेक्ट को लेकर कांग्रेस पार्षद व एफएंडसीसी मेंबर गौरव भट्टी ने गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। गौरव भट्टी का सीधा आरोप है कि जो काम नगर निगम वर्तमान में 1,000 रुपए में करवा रहा है, उसी काम को करवाने के लिए नए प्रोजेक्ट के तहत नगर निगम ₹3,677 में करवाने की तैयारी कर रहा है। पार्षद गौरव भट्टी के अनुसार, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्रोजेक्ट के लिए शुरुआत में ₹1,144 करोड़ की राशि तय की गई थी, जिसे बाद में बढ़ाकर ₹1,408 करोड़ कर दिया गया। भट्टी ने बताया कि पिछली F&CC मीटिंग में इस प्रस्ताव का कड़ा विरोध हुआ था। इसके बावजूद मेयर ने आज होने वाली बैठक के एजेंडे में इस विवादित प्रस्ताव को दोबारा शामिल कर लिया है। गौरव भट्टी का दावा है कि आज होने वाली F&CC की बैठक में इस भारी-भरकम टेंडर को मंजूरी देने की पूरी तैयारी कर ली गई है। इस प्रोजेक्ट और धांधली के विरोध में वे सफाई सेवकों के खाली रेहड़ों के साथ अपने दफ्तर से मेयर ऑफिस तक नंगे पैर 12 किलोमीटर पैदल मार्च निकालकर अपना विरोध दर्ज करवाया है।
दिल्ली वालों की सिफारिश पर बढ़ी टेंडर कॉस्ट
गौरव भट्टी ने प्रेस वार्ता के दौरान आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट के इस टेंडर में सीधे तौर पर करोड़ों रुपए का घोटाला और वित्तीय अनियमितता की जा रही है। पहले इस प्रोजेक्ट का अनुमानित बजट ₹1,144 करोड़ रखा गया था, लेकिन बिना किसी ठोस और पारदर्शी कारण के इसे सीधे बढ़ाकर ₹1,408 करोड़ कर दिया गया। उन्होंने कहा कि यह बढ़ोत्तरी दिल्ली से आए एक नेता की सिफारिश पर की गई है।
15 हजार परिवारों के रोजगार पर संकट
पार्षद भट्टी ने कहा कि कि इस टेंडर के पास होने से न सिर्फ नगर निगम और लुधियाना की जनता पर ₹1,408 करोड़ का अनुचित वित्तीय बोझ पड़ेगा, बल्कि शहर में पिछले कई वर्षों से सफाई व्यवस्था में जुटे लगभग 15,000 गरीब और दलित परिवारों की रोजी-रोटी छिन जाएगी। इस नए प्रोजेक्ट के लागू होने से इन सभी परिवारों के सामने रोजगार का गहरा संकट पैदा हो जाएगा।
शहरवासियों पर लगेगा अतिरिक्त टैक्स
भट्टी का कहना है कि अभी कूड़ा कलेक्शन को लेकर नगर निगम को कोई पैसे खर्च नहीं करने पड़ते हैं। कूड़ा कलेक्टर लोगों के घर से कूड़ा लेकर आते हैं और कंपेक्टर तक पहुंचाते हैं। इस काम के लिए नगर निगम को कोई पैसा खर्च नहीं करना पड़ता है। कूड़ा कलेक्टर हर परिवार से 50 से 100 रुपए लेकर यह काम कर रहे हैं और लोग उन्हें दे रहे हैं। अब निगम 1408 करोड़ रुपए में वेस्ट मैनेजमेंट का प्रोजेक्ट प्राइवेट कंपनी को देने का टेंडर जारी करने वाला है तो निगम पर इतना आर्थिक बोझ पड़ जाएगा जिसकी भरपाई लोगों के जेब से होगी। उनका कहना है कि साफ है कि लोगों को टैक्स में बढ़ोत्तरी होगी।
Municipal-Corporation-Fandcc-Member-Stages-A-Unique-Protest-Alleging-That-Work-Worth-1000-Was-Executed-At-A-Cost-Of-3677-He-Undertook-A-12-Kilometer-Barefoot-March-In-Protest