चंडीगढ़। चंडीगढ़ प्रशासन ने एक्साइज नीति के उल्लंघन पर सख्त रुख अपनाते हुए शराब ठेका संचालकों को कड़ी चेतावनी दी है। डीसी ने कहा है कि यदि कोई शराब ठेकेदार अपने ठेके पर नीतियों का उल्लंघन करता है तो उसका लाइसेंस भी रद्द किया जा सकता है। डिप्टी कमिश्नर-कम-एक्साइज कमिश्नर निशांत कुमार यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को शहर के सभी शराब लाइसेंस धारकों की बैठक बुलाई गई थी। बैठक में हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुई एक रील को लेकर गंभीर चिंता जताई गई। वीडियो में एक शराब विक्रेता कथित तौर पर ब्रांड प्रमोशन के नाम पर मुफ्त शराब परोसता दिखाई दिया था। प्रशासन ने मामले को गंभीर मानते हुए आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मामले में कार्रवाई करते हुए शराब ठेकेदार को शोकॉज नोटिस जारी किया गया है। मामले की आगे जांच की जा रही है।
लाइसेंस रद्द और ब्लैकलिस्ट करने की चेतावनी
डिप्टी कमिश्नर ने साफ कहा कि आबकारी नीति के किसी भी नियम का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने सभी लाइसेंस धारकों को चेतावनी दी कि नियम तोड़ने वालों का लाइसेंस रद्द किया जा सकता है। इसके साथ ही ऐसे लोगों को भविष्य में लाइसेंस या ठेकों की प्रक्रिया में भाग लेने से भी ब्लैकलिस्ट किया जा सकता है। बैठक में सभी शराब विक्रेताओं को निर्धारित न्यूनतम बिक्री मूल्य का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए। प्रशासन ने कहा कि तय कीमत से कम दर पर शराब बेचने या किसी प्रकार की स्कीम चलाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। आबकारी विभाग ने बैठक में जानकारी दी कि शराब स्टॉक की निगरानी और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए रियल टाइम स्टॉक अपडेटेशन सिस्टम शुरू किया गया है। सभी लाइसेंस धारकों को समय पर और सही तरीके से स्टॉक अपडेट करने के निर्देश दिए गए।
हमारा पहला उदेश्य आप तक सबसे पहले और सही खबर पहुंचाना। हमारे आसपास क्या हो रहा है, इसके बारे में आपकी नॉलेज को दुरुस्त करना। वहीं समाज की बुराईयों व गलत गतिविधियों संबंधी आगाह करना भी हमारे लक्ष्य में हैं।
Yashpal Sharma (Editor)