लुधियाना। पहली पातशाही श्री गुरु नानक देव जी के प्रकाश के मौके पर लुधियाना शहर नानक नाम में रंग गया। सभी धार्मिक स्थलों पर कीर्तन का आयोजन किया गया। कही श्री अखंड पाठ साहिब के भोग डाले गए। हर धर्म के साझे, हर मन प्यारे, मानवता की राह दिखाने वाले श्री गुरु नानक देव जी के पावन प्रकाश पर्व पर दीवान सजाए जा रहे हैं। रंग बिरंगी लाइटों से गुरुद्वारा साहिब सजाए गए हैं। आज सुबह सबसे पहले अखंड पाठ साहिब के भोग डाले गए। इसके उपरांत धार्मिक दीवान सजाए गए। कथा वाचक गुरु साहिब के जीवन के बारे में संगत को बताएंगे। भारी संख्या में श्रद्धालु गुरुद्वारों में पहुंच रहे हैं। गुरुद्वारा दुख निवारण साहिब में संगत के लिए सेल्फी पॉइंट भी बनाए गए हैं। जोड़ा घरों में महिला-पुरुष संगत की सेवा में समर्पित हैं।
लुधियाना में भी चरन डाल चुके गुरु जी
श्री गुरु नानक देव जी लुधियाना शहर भी पहुंचे थे और सतलुज किनारे विश्राम किया था। यहां पर इस जगह अब गुरुद्वारा गऊघाट सुशोभित है और बाकायदा लोग सरोवर में स्नान करते हैं। यही नहीं शहर के बाहर बार ठक्करवाल का इतिहास भी उनके इस आगमन से जुड़ा हुआ है।