ई न्यूज पंजाब, लुधियाना शिरोमणी अकाली दल ने आज सिख धर्म के संस्थापक श्री गुरु नानक देव जी की घोर बेअदबी करने के लिए कैबिनेट मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग की है। इस बारे एक प्रेस बयान जारी करते हुए अकाली दल के उपाध्यक्ष सरदार महेशइंदर सिंह ग्रेवाल ने कहा कि गुरु साहिब का मजाक उड़ाने के लिए रंधावा के खिलाफ भारतीय दंड धारा 295 के तहत् केस दर्ज करना चाहिए तथा राज्य सरकार को तत्काल रंधावा को कैबिनेट मंत्री के पद से बर्खास्त कर देना चाहिए तथा साथ ही कांग्रेस पार्टी को अपने वरिष्ठ पार्टी मैंबर द्वारा की इतनी बड़ी बेअदबी के लिए समुची सिख संगत से माफी मांगनी चाहिए।उन्होने कहा कि एक तरफ तो हम गुरु साहिब का 550वां प्रकाश पर्व मना रहे हैं तथा दूसरी तरफ मंत्रियों द्वारा श्री गुरु नानक देव जी का मजाक उड़ाकर उनका निरादर किया जा रहा है। अकाली नेता ने राज्य सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि जब ईसाई भाईचारे ने अजनाला में हुई बेअदबी की शिकायत की थी तो तत्काल केस दर्ज हो गया था। परंतु इस मामले में जानबूझकर कांग्रेसी मंत्री को बचाने की कोशिश की जा रही है, जबकि उसके खिलाफ केस दर्ज करने वाले आवश्यक सबूत मौजूद हैं सरदार ग्रेवाल ने कहा कि रंधावा द्वारा दिए बयान कि यह वीडियो उसे फंसाने के लिए झूठी बनाई गई है, की जांच की जा सकती है। यह जांच होनी चाहिए। हैदराबाद की लेबोरेटरी इसकी जांच कर सकती है यह आवाज रंधावा की है यां नही। उन्होने कहा कि मुख्यमंत्री को तत्काल रंधावा के खिलाफ केस दर्ज करने तथा इसकी निष्पक्ष जांच का आदेश देना चाहिए ताकि वरिष्ठ मंत्री द्वारा की बेअदबी के कारण भड़की सिख संगत का गुस्सा ठंडा हो सके।सरदार ग्रेवाल ने कहा कि कांग्रेस सरकार सिखों की भावनाओं की रक्षा करने में बूरी तरह विफल हो चुकी है। इस मामले में तुरंत न्याय होना चाहिए, क्योंकि गुरु नानक नाम लेवा संगत चाहती है कि उनके आदरणीय गुरु साहिब का मजाक उड़ाने वाले दोषी को तत्काल सजा मिलनी चाहिए। अकाली नेता ने कहा कि अकाली दल मुख्यमंत्री से सुखजिंदर रंधावा की तत्काल बर्खास्तगी तथा पुलिस से समुचे मामले की निष्पक्ष जांच करवाने की मांग करता है। उन्होने कहा कि रंधावा अपने खिलाफ जांच को प्रभावित करने के लिए अपने पद का दुरूपयोग कर सकता है। उस द्वारा वीडियो को झूठा करार देना भी बेअदबी के इस संगीन अपराध से बचने की एक चाल है।