लुधियाना। सोमवार को संगला वाला शिवाला मंदिर के महंत नारायण पुरी को समाधि दी गई। महंत के अंतिम दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। कुछ महिला श्रद्धालु रोती भी दिखीं। इस दौरान श्रद्धालुओं ने ओम नमः शिवाय का जाप किया। महंत नारायण पुरी ने 44 साल तक मंदिर में मुख्य सेवादार के तौर पर सेवा निभाई। उन्होंने शनिवार देर रात हीरो हार्ट सेंटर में अंतिम सांस ली थी। उनके पुत्र महंत दिनेश पुरी ने बताया कि कल सुबह उन्हें थोड़ी सी दिक्कत हुई। उन्हें डीएमसी ले गए और वहां पर हार्ट की प्रॉब्लम बताई। हीरो हार्ट सेंटर में शिफ्ट किया, जहां चार बजे से उनकी हालत बिगड़ने लगी। कुछ देर बाद उनके सभी आर्गन फेल हो गए। बता दें कि महंत नारायण पुरी ने अपने पिता महंत कपूर चंद से दीक्षा ली और 1981 में पिता के निधन के बाद संगला वाला शिवाला की सेवा की जिम्मेदारी उठाई। मंदिर के प्रबंधन और भक्तों की सुविधाओं का ध्यान वो खुद रखते थे। अब उनके बेटे महंत दिनेश पुरी भी मंदिर की सेवा में जुटे हैं।
Mahant-Puri-Of-Sangla-Shivala-Was-Laid-To-Rest-After-Serving-The-Sangla-Shivala-Temple-For-44-Years