लुधियाना। लुधियाना कमिश्नरेट पुलिस ने पंजाब के अलग-अलग जिलों में आतंक का पर्याय बन चुके एक हाईटेक अंतर-जिला एटीएम ब्रेकिंग गैंग का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने गैंग के 2 मुख्य गुर्गों को भारी मात्रा में हथियारों और आधुनिक कटर उपकरणों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान जसमिंदर सिंह उर्फ जस्स और दीपक कुमार उर्फ दीपू बिहारी (दोनों निवासी अमृतसर) के रूप में हुई है। पुलिस कमिश्नर स्वपन शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि यह गैंग दिन में रेकी करता था और रात के अंधेरे में गैस कटर की मदद से चंद मिनटों में ATM के नोटों वाले वॉल्ट (तिजोरी) को काटकर साफ कर देता था। मामले का खुलासा करते हुए सीपी स्वपन शर्मा ने बताया कि बीती 19 और 20 मई की आधी रात को गैंग ने लुधियाना के नूरवाला रोड, शिवपुरी चौक के पास एक ATM को निशाना बनाया था। आरोपी जब गैस कटर से ATM मशीन को काट रहे थे, तभी अचानक वहां बिजली का शॉर्ट-सर्किट हो गया और मशीन में आग लग गई। आग भड़कते देख आरोपी घबरा गए और वहां से भागने लगे। इसी दौरान गश्त कर रही पीसीआर की टीम ने जब इन्हें रोकने की कोशिश की, तो आरोपियों ने पकड़े जाने के डर से पुलिस पार्टी पर सीधे गोलियां चला दीं। पुलिस ने किसी तरह खुद को बचाया, जिसके बाद थाना बस्ती जोधेवाल में आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।
हाईटेक टूल्स के साथ चलाते थे आरोपी
पुलिस ने आरोपियों के पास से बैंक डकैती में इस्तेमाल होने वाला पूरा सेटअप बरामद किया है 1 पिस्टल (.32 बोर) और 2 कारतूस,1 इंडस्ट्रियल गैस कटर सेट और गैस सिलेंडर,1 पोर्टेबल कटिंग मशीन,1 मारुति सुजुकी अर्टिगा कार (गेटवे व्हीकल) दीपक कुमार उर्फ दीपू बिहारी निवासी: गुरु नानकपुरा, सुल्तानविंड, अमृतसर) गैंग का मुख्य शूटर और शातिर अपराधी। साल 2007 से 2022 के बीच इस पर अमृतसर और बठिंडा में 21 संगीन मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या (302), हत्या का प्रयास (307), लूट, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट शामिल हैं। जसमिंदर सिंह उर्फ जस्स निवासी न्यू कोटमित सिंह, तरनतारन रोड, अमृतसर इस पर पहले कोई केस दर्ज नहीं था, लेकिन इस गैंग में शामिल होकर यह रेकी और लॉजिस्टिक्स का काम संभाल रहा था। |
Major-Atm-Robbery-Gang-Busted-In-Ludhiana-2-Arrested-5-Cases-Of-Atm-Theft-And-Theft-Traced