लुधियाना। लुधियाना के हलका वेस्ट के 19 जून को उपचुनाव होने जा रहे हैं। सभी राजनीतिक पार्टियों के उम्मीदवारों द्वारा जीतने के लिए पूरा जोर लगाया जा रहा है। जबकि उनकी पार्टी के राजनेताओं द्वारा भी जमकर चुनाव प्रचार किया जा रहा है। एक तरफ जहां बाकी पार्टियों के पंजाब प्रधानों द्वारा लुधियाना में डेरा जमा लिया गया है, वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी में गुटबाजी के कारण उनके पंजाब प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वडिंग कही दिखाई ही नहीं दे रहे। वहीं राजा वडिंग का बीच बीच में लुधियाना आना और हवा हवाई बयानबाजी करके वापिस चले जाना यह किसी को हजम नहीं हो रहा। जिसके चलते राजनीतिक गलियारों में चर्चा छिड़ी हुई है कि राजा वडिंग द्वारा सच में कांग्रेस उम्मीदवार भारत भूषण आशु के हक में प्रचार किया जा रहा है या सिर्फ मीडिया में आकर सुर्खियां बटौरने के लिए यह बयानबाजी की जा रही है। वहीं कई लोगों का तो यह भी कहना है कि शायद हाईकमान को दिखाने के लिए ही राजा वडिंग बीच बीच में लुधियाना का चक्कर लगाकर मीडिया से रुबरु हो रहे हैं। हालांकि बता दें कि राजा वडिंग लुधियाना से ही सांसद है। जबकि लुधियाना की ही विधानसभा सीट से चुनाव हैं। लेकिन इसके बावजूद पार्टी का बड़े लीडर होने पर भी वे शहर में चुनावी प्रचार के बीच पूरे तरीके से एक्टिव नजर नहीं आ रहे।
आशु को बयानबाजी नहीं, बल्कि पब्लिक वोट की जरुरत
वहीं देखा जाए तो बयानबाजी तो हर लीडर द्वारा की जाती है। लेकिन चुनाव के दौरान बयानबाजी नहीं बल्कि वोट की जरुरत होती है। जिसके चलते आशु को भी पब्लिक वोट इस समय ज्यादा जरुरी है। जो कि जनता के बीच जाकर ही मिल सकती है। लेकिन सांसद राजा वडिंग एक बार भी पब्लिक के बीच आशु के लिए वोट मांगने के लिए नहीं गए हैं। जिससे जाहिर है कि पार्टी में गुटबाजी अभी खत्म नहीं हुई है। सिर्फ हाईकमान को दिखाने के लिए ही सांसद द्वारा लुधियाना के बीच बीच में चक्कर लगाए जा रहे हैं। हालांकि इसकी खमियाजा आशु को चुनाव में भुगतना पड़ सकता है।
वडिंग के साथ चलने वाले किसी भी लीडर ने नहीं किया प्रचार
वहीं राजा वडिंग के साथ सीएलपी लीडर प्रताप सिंह बाजवा, सांसद सुखजिंदर रंधावा, जिला प्रधान संजय तलवार, पूर्व विधायक कुलदीप सिंह वैद, सिमरजीत सिंह बैंस, बलविंदर बैंस होते हैं। लेकिन इनमें से किसी भी लीडर ने आशु के हक में प्रचार नहीं किया है। लेकिन दूसरी तरफ जब इन नेताओं से बात की जाए तो कहा जाता है कि पार्टी में सब कुछ ठीक है। लेकिन दूसरे शहरों से आकर विधायक राणा गुरजीत सिंह और परगट सिंह जैसे लीडर आशु का प्रचार कर रहे हैं। लेकिन शहर के ही कई लीडर इस चुनाव प्रचार से दूर भागते हुए नजर आ रहे हैं। अब देखना होगा कि हाईकमान द्वारा मामले में क्या एक्शन लिया जाता है।
Is-Mp-Raja-Vading-Really-Helping-Ashu-In-The-Elections-Or-Is-He-Just-Making-Statements-To-Grab-Headlines