पूर्व सीएम के ओएसडी को हाईकोर्ट से राहत, 65 लाख के गबन मामले में कार्रवाई पर रोक; सप्लीमेंट्री चालान दाखिल करने के लिए दबाव बनाया
Oct9,2026
| Enews Team | Punjab
पंजाब। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के पूर्व OSD संदीप सिंह संधू समेत 3 आरोपियों को हाईकोर्ट से राहत मिली है। हाईकोर्ट ने लुधियाना के गांवों में स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए जारी 65 लाख रुपए के कथित गबन से जुड़े भ्रष्टाचार मामले में तीनों के खिलाफ आगे की कार्रवाई पर रोक लगा दी है। जस्टिस संजय वशिष्ठ ने तीनों आरोपियों की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए अंतरिम आदेश जारी किए। मामले में अगली सुनवाई 16 अक्टूबर 2026 को होगी। यह मामला वर्ष 2021-22 के दौरान लुधियाना के सिधवां बेट ब्लॉक के गांवों में स्ट्रीट लाइटें लगाने के लिए जारी सरकारी फंड में करीब 65 लाख रुपये के गबन और भ्रष्टाचार से जुड़ा है। पंजाब में वर्ष 2022 में सत्ता बदलने के बाद विजिलेंस ब्यूरो द्वारा इस संबंध में FIR दर्ज की गई थी। बाद में इसमें धोखाधड़ी और जालसाजी से जुड़ी धाराएं भी जोड़ी गईं।
जज के निर्देशों से जांच एजेंसी पर दबाव बना
तीनों याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि मामले की सुनवाई कर रहे स्पेशल जज ने जांच एजेंसी को पत्र लिखकर कुछ आरोपियों के खिलाफ सप्लीमेंट्री चालान दाखिल करने के लिए दबाव बनाया। याचिकाकर्ताओं के अनुसार, ट्रायल कोर्ट ने विजिलेंस ब्यूरो के चीफ डायरेक्टर और सचिव समेत अधिकारियों को पत्र लिखकर विशेष निर्देश दिए थे। आरोपियों ने दलील दी कि अदालत के इस रवैये से जांच एजेंसी की स्वतंत्रता प्रभावित हुई और उनके खिलाफ आरोपों पर पहले ही निष्कर्ष निकालने जैसी स्थिति बन गई। इससे उनके बचाव के अधिकार पर भी असर पड़ा।
संधू ने कई आदेशों को दी चुनौती
कैप्टन अमरिंदर सिंह के पूर्व OSD संदीप सिंह संधू ने स्पेशल कोर्ट के कई अंतरिम आदेशों को हाईकोर्ट में चुनौती दी। उनका कहना था कि ट्रायल कोर्ट ने जांच जल्द पूरी करने के निर्देश देते हुए जांच एजेंसी पर उनके खिलाफ दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की धारा 173(8) के तहत सप्लीमेंट्री रिपोर्ट दाखिल करने का दबाव बनाया। संधू ने अदालत से संबंधित आदेशों को रद्द करने की मांग की है।
Former-Cms-Osd-Gets-Relief-From-High-Court-Stay-On-Action-In-65-Lakh-Embezzlement-Case-Pressure-Exerted-To-File-Supplementary-Charge-Sheet