फूड एंड सप्लाई डिपार्टमेंट में बहुकरोड़ी टेंडर ट्रांसपोर्ट घोटाले में ईडी की ओर से आज पूर्व सीनियर मंत्री भारत भूषण आशू का पांच दिन का ओर रिमांड लिए जाने ने उनके नजदीकियों की चिंताओं को बढ़ाकर रख दिया है। बड़ी बात है कि बहुत से कम मामलों में ईडी कोर्ट से पांच दिन के रिमांड के बाद दोबारा से पांच दिन का ओर रिमांड हासिल कर पाती है। अधिकतर केसों में अगर ईडी पांच दिन के रिमांड लेने के बाद आरोपी का अगर दोबारा से सात दिन रिमांड मांगती है तो ईडी की अदालत में दो या तीन दिन का रिमांड ही ओर दिया जाता है। लेकिन भारत भूषण आशू के मामले में दोबारा से पांच दिन के रिमांड से एक बात साफ है कि ईडी के पास घोटाले व मनी लांड्रिंग के काफी ठोस सबूत हाथ लगे हैं, जिनकी बदौलत ही कोर्ट ने दोबारा से पांच दिन का रिमांड फिर से दिया है। आपको बता दें कि बीती 5 अगस्त को भी ईडी ने लुधियाना सहित कईं अन्य जगहों में करीब 15 लोकेशन में सर्च की थी। जिसमें आशू की कोठी व आफिस में भी ईडी की टीमों के जाने की बातें निकाल कर सामने आ रही हैं। ये सबको मालूम है कि भारत भूषण आशू के कांग्रेस हाईकमान के साथ बेहद अच्छे संबंध थे और अब ऐसे में आशू के इतने लंबे रिमांड में कांग्रेस हाईकमान जिनमें राहुल गांधी सहित कईं अन्य की मुश्किलें भी बढ़ सकती हैं। गौर हो कि आशू की ईडी की गिरफतारी के तुरंत अगले दिन सदन में राहुल गांधी की ओर से भी ये डर व्यक्त किया गया था कि ईडी उन्हें गिरफतार कर सकती है। राहुल गांधी ने अपने किन सोर्स के जरिए ये बात कही और क्यों कही, ये अभी तक साफ नहीं हुआ है, लेकिन पूर्व मंत्री आशू को ईडी की गिरफतारी के बाद उनका ये बयान कहीं न कहीं कांग्रेस हाईकमान के लिए ड़र का माहौल बनता दिखाई दे रहा है। आशू के राजनीतिक नजदीकियों में कांग्रेस के पंजाब के पूर्व प्रभारी हरीश चौधरी और अमेठी से लोकसभा चुनाव जीते पं. किशोरी लाल शर्मा का नाम भी शामिल है। कहा जाता है कि हरीश चौधरी के राजस्थान चुनाव में व किशेारी लाल शर्मा के चुनाव में भी आशू की ओर से तन मन धन से मदद की गई थी।
Former-Minister-Ashu-New-Five-Day-Remand-Has-Raised-The-Concerns-Of-Many-Even-The-Congress-High-Command-Is-Shaken