अमृतसर। अमृतसर में वीरवार को एक बार फिर स्थिति तनावपूर्ण हो गई। एक तरफ शिव सेना बाल ठाकरे के पदाधिकारी अपने समर्थकों के साथ अमृतपाल सिंह का पुतला फूंकने पहुंच गए। वहीं दूसरी तरफ सिख जत्थेबंदियां इसके विरोध में पहुंची। अंत में पंजाब पुलिस उनके बीच आकर खड़ी हुई और प्रोटेस्ट को स्थगित कर दिया गया। अमृतसर के संत सिंह सुखा सिंह चौक पर वीरवार दोपहर शिव सेना बाल ठाकरे प्रोटेस्ट करने के लिए पहुंच गई। प्रधान संजीव भास्कर ने बताया कि अमृतपाल की तरफ से अजनाला में की गई घटना दुखदायी है। उसने एक तरफ श्री गुरु ग्रंथ साहिब का आसरा लेकर अजनाला पुलिस थाने पर हमला किया, वहीं दूसरी तरफ पुलिस पर दबाव भी बनाया। पुलिस उस पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं कर रही। जिसके बाद इस प्रोटेस्ट को आयोजित किया गया है। सिख जत्थेबंदियां पहुंची विरोध में शिव सेना बाल ठाकरे की तरफ से अमृतपाल सिंह के खिलाफ प्रदर्शन करने की जानकारी मिलते ही सिख जत्थेबंदियां भी 4S चौक पर पहुंच गई। सिख जत्थेबंदियों ने सख्त वॉर्निंग दी कि वे अमृतपाल का पुतला नहीं फूंकने देंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि यह शिव सेना के सदस्य आए दिन सिखों के खिलाफ बोलते हैं और कभी-कभी भिंडरांवाला का पुतला भी जलाते हैं। ऐसा करके ये पंजाब का माहौल खराब करना चाहते हैं। शिव सेना को 7 दिन का समय शिव सेना के संजीव भास्कर ने बताया कि पुलिस ने उन्हें पुतला जलाने से रोका। उनका कहना है कि वे अमृतपाल सिंह के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं। पुलिस ने 7 दिन का अतिरिक्त समय मांगा है। अगर 7 दिन में अमृतपाल सिंह के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होगी तो वे दोबारा वापस आकर यहीं अमृतपाल का पुतला फुंकेंगे। पुलिस पहुंची बीच बचाव करने अमृतपाल का पुतला फूंकने की जानकारी जैसे ही मिली, पुलिस मौके पर पहुंच गई। सिख जत्थेबंदियों व शिव सेना के बीच आकर उन्होंने पुतला फूंकने से मना कर दिया। उन्होंने शिव सेना के सदस्यों को एक तरफ कर पुतला फूंकने से रोक दिया। वहीं सिख जत्थेबंदियों को भी वहां से जाने के लिए कहा। जिसके बाद स्थिति संभाली जा सकी।
Shiv Sena Came To Burn Amritpals Effigy Sikh Groups Came To Stop Police Came To Rescue