लुधियाना। मानकवाल में नगर निगम की एक महिला मुलाजिम को एक महिला समेत चार लोगों ने बंधक बनाकर उसी के फ्लैट में रख लिया। जिसके बाद उसे नशीली दवा देकर दो साल तक गैंगरेप करते रहे। यहां तक कि आरोपियों द्वारा महिला मुलाजिम की सैलरी भी खुद निकालकर रख ली जाती थी। जिसके बाद उसके नाम पर बैंक से लोन भी ले लिया। लेकिन जोनल कमिश्नर जसदेव सिंह सेखों को जब इसकी जानकारी मिली तो वे मौके पर पहुंचे और महिला को बचाया। थाना सदर की पुलिस ने महिला की शिकायत पर मानकवाल के मनप्रीत सिंह, साबर अली, रमनदीप कौर और प्रिंस नंबरदार के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। पीड़िता ने बताया कि उसकी मां नगर निगम में मुलाजिम थी। लेकिन 2013 में उसकी मां की मौत हो गई। जिसके बाद निगम की नौकरी उसे मिल गई। जिसके चलते वे मानकवाल में एक अपार्टमेंट में रह रही थी। जहां पर चारों आरोपी भी रहते थे। कुछ समय बाद आरोपियों ने उसे तंग परेशान करना शुरु कर दिया। जबकि अश्लील हरकतें भी करने लगे। पीड़िता अनुसार आरोपी मनप्रीत सिंह उसे निगम ऑफिस छोड़ने भी जाता था। जबकि वे उसके जबरन हस्ताक्षर करवाकर सारी सैलरी खुद रख लेता था। आरोपियों ने बाल भी काट दिए और गैंगरेप करते रहे पीड़िता अनुसार आरोपियों ने उसे बाल भी काट दिए थे। जबकि करीब दो साल उसे नशीली गोलियां देकर गैंगरेप करते रहे। इसके बाद मनप्रीत सिंह ने पीड़िता के नाम पर बैंक से लोन भी ले लिया। सभी आरोपी मिलकर उसे साथ संबंध बनाते थे व उसे फ्लैट में ताला लगाकर बंधक बनाकर रखते थे।
Gangrape With A Female Employee Of The Corporation Giving Drugs For Two Years Four People Including A Woman Kept Making Relations