लुधियाना| में रात 12 बजे जगराओं रेलवे स्टेशन के नजदीक रेलवे लाइन नंबर 3 पर मालगाड़ी के पहिए ट्रैक से नीचे उतर गए। शंटिंग करते समय यह हादसा हुआ। करीब 5 घंटे की मशक्कत के बाद ART टीम ने पहिए जैक आदि की मदद से दोबारा ट्रैक पर रखे। ग़नीमत रही की मालगाड़ी खाली थी, अन्यथा माली नुकसान हो सकता जानकारी अनुसार माल गाड़ी जगराओं स्टेशन पर 12 बजे पहुंची तो शंटिंग करते समय अचानक से पहिया जाम होकर ट्रैक से नीचे आ गया। गाड़ी को ड्राइवर विनय कुमार चला रहा था। ड्राइवर ने तुरंत रेलवे के उच्चाधिकारियों को सूचित किया। मौके पर ASM (सहायक स्टेशन मास्टर) रमन कुमार पाल पहुंचे। जिन्होंने फिरोजपुर कंट्रोल को सूचित किया। घटना स्थल पर रेलवे पुलिस कर्मी भी पहुंचे। हादसे के कारण किसी तरह का कोई ट्रैफिक बाधित नहीं हुआ। करीब 2.55 पर ART (एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन) मौके पर पहुंचे। जिन्होंने करीब 1 घंटे के बाद जैक की मदद से पहिए को पटरी पर रखा। लोको पायलट विनय कुमार सिंह ने अधिकारियों को बताया कि वह खाली मालगाड़ी लेकर लुधियाना से फिरोजपुर जा रहे थी। शंटिंग करते समय गार्ड का ब्रेक हटाने पर अचानक दो पहिए ट्रैक से नीचे उतर गए। हादसे किन कारणों के चलते हुआ है इसकी जांच फिरजोपुर रेलवे मंडल के AEN सुखदेव सिंह कर रहे है। घटना स्थल की रेलवे अधिकारियों ने वीडियो ग्राफी भी की। रेलवे में शंटिंग से तात्पर्य रेल यार्ड या स्टेशन के भीतर ट्रेन के डिब्बों या वैगनों को एक ट्रैक से दूसरे ट्रैक पर ले जाने की प्रक्रिया से है। यह आम तौर पर ट्रेनों को इकट्ठा करने या अलग करने, गाड़ियों के क्रम को पुनर्व्यवस्था करने, या अलग-अलग गाड़ियों को लोडिंग, अनलोडिंग या रखरखाव के लिए अलग-अलग स्थानों पर ले जाने के लिए किया जाता है। शंटिंग रेलवे परिचालन का एक अनिवार्य हिस्सा है, क्योंकि यह ट्रेन की आवाजाही के कुशल संगठन और विभिन्न सेवाओं के लिए रोलिंग स्टॉक के आवंटन की अनुमति देता है। यह रेलवे नेटवर्क के भीतर लॉजिस्टिक प्रक्रियाओं के अनुकूलन को भी आसान बनाता है।
Goods-Train-Derails-Accident-While-Shunting-It-Took-5-Hours-To-Put-2-Wheels-On-The-Track