जालंधर। पंजाब विजिलेंस ने एक्साइज विभाग के जॉइंट डायरेक्टर बलवीर कुमार विरदी पर शिकंजा कस दिया है। विरदी के खिलाफ विजिलेंस ने आय से अधिक संपत्ति और खर्च का मामला दर्ज किया है। विरदी मौजूदा समय में एक्साइज विभाग में जीएसटी विभाग देखते हैं। विजिलेंस ने अपनी जांच में पाया है कि विरदी ने एक्चुअल इनकम से 3.03 करोड़ रुपए ज्यादा खर्च किए हैं। विजिलेंस के प्रवक्ता ने बताया कि जांच में आया है कि साल 1 अप्रैल 2007 से लेकर 11 सितंबर 2020 तक सभी रिसोर्स से बलवीर विरदी की एक्चुअल इनकम 2,08,84,863.37 थी। जबकि उन्होंने जो चल-अचल संपत्तियां बनाई हैं उन पर 5,12,51,688.37 रुपए खर्च किए गए हैं। विरदी ने आय से 3,03,66,825 रुपए ज्यादा खर्च किए हैं। जबकि उसकी इनकम में 145.40 प्रतिशत की बढ़ोतरी पाई गई। GST फंडिग में किया हेरफेर विजिलेंस के प्रवक्ता ने बताया कि जालंधर के लम्मा पिंड निवासी एक्साइज विभाग में GST महकमा देखने वाले जॉइंट डायरेक्टर बलवीर कुमार विरदी और कुछ अन्य अधिकारियों ने GST की उगाही में भी हेराफेरी की थी। इन्होंने कुछ ट्रांसपोर्टरों, व्यापारियों और उद्योगपतियों के साथ मिलीभगत कर GST में घोटाला किया है। विरदी और इसके साथियों के खिलाफ GST में घोटाले को लेकर 21अगस्त 2020 को षड्यंत्र रचकर दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ कर हेराफेरी पर भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 465, 467, 468, 471, 120बी और भ्रष्टाचार उन्मूलन अधिनियम की धारा 7 और 7 ए के तहत मामला दर्ज किया था। जांच में शामिल होता रहा विरदी विजिलेंस के प्रवक्ता ने बताया कि हाईकोर्ट के निर्देश पर जॉइंट डायरेक्टर बलवीर कुमार विरदी जांच में शामिल होता रहा है। लेकिन जब उसे पता चला है कि सारे भेद खुल गए हैं और विजिलेंस उसे गिरफ्तार कर सकती है तो वह फरार हो गया। विजिलेंस के अधिकारी ने कहा कि छापेमारी जारी है और जल्द ही उसे पकड़ लिया जाएगा।
Vigilance-Action-On-Joint-Director-Of-Gst-Case-Of-Disproportionate-Assets-Earned-3-Crores-In-13-Years-And-Spent-5-Crores