लुधियाना। लुधियाना के कारोबारियों को फोन कर करोड़ों रुपए फिरौती के रुप में मांगने वाले पकड़े गए दो आरोपियों के मामले में पुलिस ने कई अहम खुलासे किए हैं। पुलिस अनुसार आरोपी गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के साथी गोल्डी बराड़ और संपत नेहरा का नाम लेकर फिरौती की रकम मांगते थे। पैसे न देने पर परिवार को मार देने की धमकी देते थे। इसी के साथ आरोपी जाली डीएसपी बनकर घुमते थे। उनसे दो वर्दियां भी बरामद हुई हैं। आरोपियों से फॉरच्यूनर गाड़ी, पांच मोबाइल, आठ पिस्टल, 167 कारतूस, आठ मैगजीन, डीएसपी की वर्दी पहने फोटोएं, दो हथकड़ी, एसएसपी की मोहर, तीन नंबर प्लेट और एक एंडेवर कार बरामद हुई हैं। आरोपी मुल्लापुर के अमृतपाल सिंह उर्फ अमृत राजगुरु नगर के तेजिंदरपाल सिंह है। पुलिस कमिश्नर कुलदीप सिंह चहल, ज्वाइंट सीपी जसकिरनजीत सिंह तेजा और एडीसीपी गुरप्रीत कौर पुरेवाल अनुसार आरोपियों ने 17 अप्रैल को अग्र नगर के कारोबारी गौरव मित्तल को कॉल कर तीन करोड़ रुपए की फिरौती मांगी थी। गौरव की शिकायत पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। जिसके बाद पता चला कि आरोपियों ने शहर में कई कारोबारियों व डॉक्टर से फिरौती मांगी थी। आरोपियों से बरामद उक्त असलह वह बिहार से खरीदकर लाते थे। जिसे कुछ महीने पहले ही लाया गया था। आरोपियों के पास से बरामद पिस्टल और कारतूस अवैध है। पुलिस आरोपियों को असलह बेचने वालों की भी तलाश कर रही है। जांच में पुलिस को आरोपियों के पास से डीएसपी रैंक की दो पुलिस वर्दियां भी बरामद हुई है। आरोपियों से एक हथकड़ी भी मिली है। हालांकि उनके पास से वर्दी पहने खिंचवाई गई फोटोएं बरामद हुई। यहां तक कि आरोपियों से एक पंजाब पुलिस का आईडी कार्ड भी बरामद हुआ है। आरोपियों ने बताया कि वह लोगों पर रौहब झाड़ने के लिए वर्दी पहन लेते थे। इसके अलावा उन्होंने एसएसपी जगराओं की जाली मुहर भी बरामद हुई है।
Big-Revelation-In-The-Case-Of-Demanding-Ransom-From-Ludhiana-Businessmen-Used-To-Demand-Ransom-In-The-Name-Of-Gangsters-Fake-Seal-And-Id-Card-Of-Ssp-Recovered