चंडीगढ़, 1 जून अब शराब के शौकीनों को अधिक जेब हल्की करनी होगी। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शराब पर कोविड सैस को लगाने की मंजूरी दे दी है। ये सैस एक जून यानि आज से लागू हो गया है। इस फ़ैसले से राज्य को मौजूदा वित्तीय वर्ष के दौरान 145 करोड़ रुपए का अतिरिक्त राजस्व एकत्र होगा। मुख्यमंत्री ने मंत्रियों के समूह की सिफारिशों को मानते हुये कहा कि राज्य को 26000 करोड़ रुपए के राजस्व का नुकसान हुआ है जो साल 2020 -21 के कुल बजट राजस्व अनुमानों का 30 प्रतिशत बनता है जिस कारण अतिरिक्त राजस्व जुटाने के लिए कुछ कठोर उपायों की ज़रूरत है। मौजूदा वित्तीय वर्ष के दौरान शराब पर असैसड फीस और अतिरिक्त आबकारी ड्यूटी लगाने संबंधी मूल्यांकन करने के लिए मंत्रियों का समूह 12 मई को बनाया गया था। मुख्यमंत्री ने आबकारी और कर विभाग को निर्देश देते हुये कहा कि अतिरिक्त जुटाए जाने वाले राजस्व की सारी रकम कोविड से सम्बन्धित कामों पर ख़र्ची जायेगी। यह सैस मौजूदा वर्ष के दौरान एल -1/एल -13 (थोक लायसेंस) से शराब की ट्रांसपोर्टेशन के पर्मिट जारी करते समय वसूला जायेगा। कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने इससे पहले मंत्रियों के समूह जिसमें वित्त मंत्री, शिक्षा मंत्री, आवास निर्माण और शहरी विकास मंत्री, वन और वन्य जीव मंत्री शामिल थे, को शराब की बिक्री पर विशेष सैस /कोविड सैस लगाने के प्रस्ताव का मूल्यांंकन करने के लिए कहा था जिससे कोविड के अनिर्धारित संकट के कारण हो रहे राजस्व के नुकसान के कुछ हिस्से की पूर्ति हो सके। मंत्रियों के समूह की सिफारिशों की दिशा में आबकारी और कर विभाग ने फ़ैसला किया है कि आयातित विदेशी शराब और बीयर पर अतिरिक्त असैसड फीस लगाई जाये। इसके अलावा अन्य तरह की शराबों पर अतिरिक्त आबकारी ड्यूटी लगाई।
Liquor Will Be Expensive In Punjab Approval To Install Covid Cess