इंप्रूवमेंट ट्रस्ट की 256 एकड़ स्कीम में आम पब्लिक की ओर से नियमों की उल्लंघना करने का मामला तो आम है, लेकिन अब इस छेडछाड़ पर निगरानी रखने वाले इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के अधिकारी ही नियमों को ताक में रख अपनी प्लानिंग में छेद करने में जुट गए हैं। ऐसा ही एक मामला ऋषि नगर में टैलिफोन एक्सचेंज के सामने पेश आया है, जहां इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के अफसरों के इशारे पर एक ठेकेदार ने ले आउट रखे गए पार्क की चारीदवारी को तोड़ इसकी सभी ग्रिलें उखाड़ फैंकी। इसके साथ साथ इस पार्क में लगे पेड़ पौधों को भी तोड़ डाला गया। असल में टैलिफोन एक्सचेंज के सामने पड़ती बूथ व एससीएफ वाली साइड़ में ट्रस्ट की ओर से टाइल्स लगाने का काम चल रहा है और इसी के काम के तहत बिना किसी प्लानिंग व नियमों को ताक में रख इस पार्क को तोड़ डाला गया। ट्रस्ट की इस पूरी कार्रवाई का विरोध जताने वाले लोगों का मानना है कि इस जगह पर ट्रस्ट टाइल्स लगा ट्रस्ट पार्किंग बना सकता है और इसी लोकेशन में पड़ते बूथों को नीलामी के जरिए खरीदने वाले चहेतों को फायदा पहुंचाया जा सकता है। ट्रस्ट की इस मनमर्जी को लेकर स्थानीय इलाका निवासियों ने कड़ा विरोध दर्ज करवाया है। एक वॉयरल हुए वीड़ियों में इन लोगों ने विरोध जताते कहा कि इस धक्केशाही के खिलाफ वे प्रधानमंत्री को शिकायत करेंगे। गौर हो कि ग्रीन बेल्ट व पार्कों को तोड़ने को लेकर स्रुप्रीमकोर्ट स्थित अन्य अदालतें कितनी सख्त हैं, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि नगर निगम की ओर से सराभा नगर डी जोन के नजदीक ग्रीन बेल्ट की जमीन पर कूड़ा डिस्पोज करने को तैयार कंपैक्टर हाई कोर्ट पर लगी एक याचिका के चलते स्टे कर दिया गया। जबकि नगर निगम इसके लिए लाखों रुपए खर्च मौके पर मशीनरी पर लगा चुका है। -------- ऐबीज रेस्टोरेंट के सामने भी पड़ता है पार्क इसी लोकेशन में कुछ गज की दूरी में ही एे बीज रेस्टोरेंट स्थित है और इसके सामने भी एक पार्क पड़ता है। ऐसे में अगर ट्रस्ट इस ले आउट में पड़ते पार्क को खत्म कर देता है तो कल एबीज रेस्टाेरेंट के सामने भी पड़ते पार्क को अगर तोड़ दिया जाता है तो इसमें कोई बड़ी हैरानी नहीं होगी। ----- कारगिल शहीद के नाम पर इस पार्क का नाम रखा गया था और कईं साल पहले का इस पर बोर्ड भी लगा हुआ है। मैं पिछले छह सालों से इस पार्क को हरा भरा बनाने व वातावरण स्वच्छ रखने को पौधे लगा इनकी संभाल कर रहा हूं, लेकिन ट्रस्ट अफसरों के इशारे पर बड़ी बेरहमी से इसकी चारदीवारी को तोड़ पेड़ पौधों को जेसीबी के तले कुचल डाला गया। ट्रस्ट इस कार्रवाई से पहले साफ करें कि उनकी मंशा क्या है और इस पार्क को क्यों उजाड़ा जा रहा है। ट्रस्ट के एसडीओ किरण दीप सिंह ने उक्त जगह पर पार्किग बनाए जाने की बात भी मुझसे कही है। बिटटू बग्गा, स्थानीय निवासी --------- वहीं इस बारे इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के चेयरमैन रमण बाला सुब्रामनियम से बात की गई तो उन्होंने बताया कि पार्क की जगह पर लगा बोर्ड ट्रस्ट की किसी मंजूरी या सहमति से नहीं लगा। इस जगह पर ट्रस्ट करोड़ों रुपए खर्च रही है और बेहतर मैनेजमेंट के तहत इसे संवारा जा रहा है। यहां पर कुछ लोगों ने कब्जा किया हुआ है, जिसमें कुछ टैक्सी वाले और कबाड़ की गाडियां खड़ी करने वाले शामिल हैं। हालांकि चेयरमैन ये साफ नहीं कर पाए पार्क की जगह पर दोबारा पार्क बनेगा या यहां पर कुछ बनाने की प्लानिंग है।
Sell Booths At An Expensive Rate And Benefit Buyers The Improvement Trust Demolished The Park Laid In The Layout