इंप्रूवमेंट ट्रस्ट में आम जनता और डीलर्स से आने वाली लाखों की रिश्वत किस-किस की जेब में जा रही थी, विजिलेंस इसका ब्योरा ट्रस्ट ईओ कुलजीत कौर से जुटाने में लग गई है। रिश्वत लेने के आरोप में दो दिन के विजिलेंस रिमांड में चल रही इंप्रूवमेंट ट्रस्ट की ईओ कुलजीत कौर अब कईयों के लिए परेशानी का बड़ा कारण आने वाले दिनों में बन सकती है। विजिलेंस 2 दिन के रिमांड में यहीं उगलाने की कोशिश में है कि आख़िर ये लाखों की रिश्वत किस-किस की जेब में डाली जा रही थी। सूत्रों के हवाले से यह खबर भी सामने आ रही है कि इस लाखों रुपए की रिश्वत में पूर्व चेयरमैन रमन बाला सुब्रमंयम की भागीदारी का खुलासा कर दिया है। यही कारण है कि पूर्व चेयरमैन रमन बाला सुब्रमंयमऔर उनके इंप्रूवमेंट ट्रस्ट में पीए का कामकाज देख रहे संदीप कुमार सैंडी अंडर ग्राउड बताए जा रहे है। इंप्रूवमेंट ट्रस्ट में यह लाखों करोड़ों की रिश्वत प्लॉट की रजिस्ट्री, ट्रांसफर,अलॉटमेंट और एलडीपी प्लॉट की एलॉटमेंट और ट्रस्ट मीटिंग में मता डालने के नाम पर एकत्र की गई है। ईओ और क्लर्को की प्रॉपर्टी का ब्योरा जुटा रही विजिलेंस। सूत्रों के हवाले से बताया जा रहा है कि विजिलेंस की ईओ विंग कुलजीत कुलजीत कौर की प्रॉपर्टी का ब्योरा जुटा रही है। कुलजीत कौर का जहां छाबड़ा कालोनी में 200 गज में कोठी है वही इसके सामने पिछले साल में 300 गज का प्लाट भी खरीदा है। इसके अलावा भी शहर की विभिन्न पॉश कॉलोनियों में प्लॉट खरीदे जाने की बातें सामने आ रही है। बताया जाता है कि क्लर्क परवीन कुमार ही काम करवाने को आने वाले ग्राहकों के साथ लाखों में सेटलमेंट करता था और इसके बाद काम करवाने के यह पैसा ईओ तक पहुंचता था। उत्तर बताते हैं कि सूत्र बताते हैं कि क्लर्क परवीन कुमार का canal view कॉलोनी में 300 गज की कोठी और 300 गज का प्लाट भी है। सूत्रों से हवाले से ये भी खबर आ रही है कि कुलजीत कौर और क्लर्क प्रवीण कुमार के घर से भी दर्जनों सरकारी फाइल्स बरामद की गई है। बीते कुछ सालों में ही ड्राइवर से क्लर्क परमोट हुए परवीन कुमार ने दो बड़ी गाड़ियां भी खरीदी है।
Vigilance Investigation Should Be Done In The Scam During The Tenure Of Raman Balasubramaniam