पूर्व कांग्रेस सरकार में इंडस्ट्री मिनिस्टर के पद पर तैनात श्यामसुंदर अरोड़ा को शनिवार देर रात विजिलेंस के एआईजी स्तर के अफसर को ₹50 लाख की रिश्वत देते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया है। बताया जाता है कि विजिलेंस के एआईजी मनमोहन सिंह को श्याम सुंदर अरोड़ा की ओर से उनके खिलाफ चल रहे केस से उनका नाम निकलवाने के लिए एक करोड रुपए की रिश्वत ऑफर की। जिसकी बात एआईजी मनमोहन सिंह ने अपने आला अफसरों से की। जिसके बाद उन पर विजिलेंस की ओर से ट्रैप लगाने की प्लानिंग तय कर ली गई। चर्चा यह भी की जा रही है कि लुधियाना से सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने भ्रष्टाचार के खिलाफ विजिलेंस की ओर से की जा रही कार्रवाई पर कई तरह के गंभीर आरोप लगाए थे और इसके जवाब में ही विजिलेंस ने इस बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है । बताया जाता है कि शाम सुंदर अरोड़ा शनिवार देर रात में विजिलेंस अफसर मनमोहन सिंह के जीरकपुर निवास पर किस्त के तौर पर 50 लाख रुपए देने को पहुंचे थे और उन्हें मौके पर ही यह रिश्वत राशि लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया। विजिलेंस आज इस मामले में श्यामसुंदर अरोड़ा को मोहाली कोर्ट में पेश करेगी। बड़ी बात है कि श्यामसुंदर अरोड़ा पर आमदन से अधिक प्रॉपर्टी बनाने का एक केस विजिलेंस में चल रहा है और श्याम सुंदर अरोड़ा इसी केस से अपना नाम निकलवाना चाहते थे। जिसे लेकर ही वे पिछले कुछ दिनों से विजिलेंस अफसरों से सेटिंग के प्रयास में थे। गौर है कि लुधियाना के सांसद रवनीत सिंह बिट्टू की ओर से विजिलेंस अफसरों पर कई तरह के गंभीर आरोप लगाए गए थे। जिसमें उन्होंने विजिलेंस अफसरों को सेटिंग का खेल खेलने और दुकानदारी चलाने सहित कई तरह के गंभीर आरोप लगाए थे। बताया जाता है कि इसके बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान भी सीधे-सीधे इस पूरे मामले में फोकस कर रहे थे और आज इस मामले में पूर्व इंडस्ट्री मिनिस्टर श्यामसुंदर अरोड़ा को विजिलेंस अफसर को रिश्वत देते रंगे हाथों गिरफ्तार करके कांग्रेस को इसका जवाब दे दिया गया है। बड़ी बात है कि श्यामसुंदर अरोड़ा बीते जून महीने में कांग्रेस को अलविदा कह भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे । इससे एक बात साफ है कि रिश्वत के आरोपों में लथपथ कई नेता अपने बचाव को भारतीय जनता पार्टी की ओर कूच कर रही है।
Former Industry Minister Shyamsunder Arora Arrested Red Handed While Giving Bribe Of Rs 50 Lakh To Vigilance Officer