अमृतसर। डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख राम रहीम को एक बार फिर पैरोल दिए जाने को विरोध शुरू हो गया है। श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी रघबीर सिंह ने इस पर ऐतराज जाहिर कर दिया है। उन्होंने बंदी सिखों की रिहाई ना किए जाने पर भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सरकार के इस कदम को गलत ठहराया है और बार-बार पैरोल देकर सिख समुदाय को नीचा दिखाने का प्रयास बताया है। ज्ञानी रघबीर सिंह ने वीडियो जारी कर कहा- उन्हें पता चला है कि सरकार की तरफ से डेरा राम रहीम, जो कि कत्ल के केस, बलात्कार के केस में जेल में बद है, को एक बार फिर पैरोल दी गई है। जिस पर पूरे खालसा पंथ को सख्त ऐतराज है। क्योंकि यह कातिल जेल में बंद है, इसे बार-बार पैरोल दी जा रही है। 30 सालों से जेलों में बंद हैं सिख दूसरी तरफ बंदी सिख हैं, जिन्हें जेलों में बंद हुए 30-32 साल हो चुके हैं। उन्हें किसी भी तरह से रिहाई सरकारों की तरफ से नहीं दी जा रही। यह सिखों को भारत में गुलामी का एहसास करवा जा रहा है। इसे बार-बार पैरोल देकर हमें नीचा दिखाने की सरकारों की तरफ से कोशिश की जा रही हैं। यह पूरी तरह से मानव अधिकारों की उल्लंघना है। जेलों में बंद बंदी सिखों की भी सरकार को तुरंत रिहाई करनी चाहिए। ----
Shri-Akal-Takhts-Jathedar-Expressed-Anger-Over-Ram-Rahims-Parole-Said-To-Release-Sikhs-Also-From-Jails