चंडीगढ़ | अयोध्या में प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम पर 22 जनवरी को पंजाब छुट्टी न करने के बाद शुरू हुए विवाद पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने विरोधियों को जवाब दिया है। सीएम मान ने स्पष्ट किया कि पंजाब पहले ही कई छुटि्टयां कर चुका है और 20 जनवरी तक स्कूल ठंड के कारण बंद रहे। आम आदमी पार्टी जातिवाद की राजनीति नहीं करती। सीएम भगवंत मान ने कहा कि लोगों ने लाइव देखना था, वे मोबाइल पर देख सकते थे। लाइव टेलीकास्ट देखने के लिए छुट्टी की आवश्यकता नहीं थी। पंजाब में हम पहले ही ठंड के कारण कई छुटि्टयां कर चुके थे। ऑनलाइन कर-करके उनका टाइम और खराब नहीं कर सकते। हम (AAP) ऐसा नहीं करते कि इस धर्म को छुट्टी कर दो, दूसरे को नहीं करनी। पंजाब में सोशल बॉन्डिंग बहुत ज्यादा स्ट्रॉन्ग है। मुख्यमंत्री ने छुट्टी वाले बयान के बाद अकाली दल पर भी निशाना साधा। उनका कहना है कि अकाली दल आज कल अपने आपको क्षेत्रीय पार्टी, पंथ की पार्टी कह रहा है। इन्हें पंथ तभी याद आता है, जब हार जाते हैं। मेरे खिलाफ फतवे निकलवाए हैं। धर्म को इन्होंने हाथों में ले रखा है। लोग सब समझते हैं, जो तकड़ी ईंटें तोलती हो और तकड़ी में वट्टे (पत्थर) स्मगलरों ने डाले हों, वे बाबा नानक की तकड़ी नहीं हो सकती। जिस तरह से इन्होंने बाबा नानक की बाणी की बेअदबी की है, बाबा नानक ऐसे हाथों में तकड़ी नहीं देते। अकाली दल की तकड़ी के निशान को बाबा नानक की तकड़ी वाले बयान पर न शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और न ही श्री अकाल तख्त साहिब कुछ बोल रहा है। ऐसे तो कल को कांग्रेस बोलेगी, हमारा हाथ वही है, जिससे बाबा नानक ने पहाड़ रोका था। बीएसपी कहेगी, हमारा हाथी गणेश जी हैं। राजनीतिक चुनाव चिह्नों को धर्म से क्यों जोड़ा जा रहा है। अयोध्या में श्री रामलला प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम के अवसर पर छुट्टी घोषित न कर आम आदमी पार्टी की सरकार पर अकाली दल अध्यक्ष सुखबीर बादल ने निशाना साधा था। दरअसल, इस दिन पर हरियाणा चंडीगढ़ के अलावा हिमाचल ने भी छुट्टी की घोषणा कर दी थी। लेकिन, पंजाब सरकार ने इस पर कोई निर्णय नहीं लिया था। सुखबीर बादल ने आरोप लगाए थे कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने हिंदू समुदाय की धार्मिक श्रद्धा के सम्मान के तौर पर श्री राम जन्मभूमि पर प्राण-प्रतिष्ठा के ऐतिहासिक-धार्मिक अवसर पर कल पंजाब में छुट्टी न करके हिंदू भाई-बहनों की धार्मिक भावनाओं का अपमान किया है। भगवंत मान द्वारा हिंदू समाज की धार्मिक भावनाओं का अपमान करने के लिए उन्हें सभी पंजाबियों और विशेषकर हिंदू भाई-बहनों से माफी मांगनी चाहिए।
Cm-S-Reply-On-Not-Taking-Leave-On-January-22-Mann-Said-Shri-Ram-Lalla-S-Consecration-Was-Seen-Live-There-Was-No-Need-For-Leave