चंडीगढ़। पंजाब में गैर कानूनी माइनिंग का मामला गर्माया हुआ है। ऐसे में राज्य के CM भगवंत मान भी सख्ती के मूड में आ गए हैं। उन्होंने गैर कानूनी माइनिंग पर नकेल कसने के लिए सभी जिलों के डीसी को खुली छुट्टी दी है। उन्होंने डीसी को डायरेक्शन दी है कि वह इस बात को यकीनी बनाए कि उनके जिलों में किसी भी तरह की गैर कानूनी माइनिंग न हो। इस मामले में वह किसी की भी बात न सुने। साथ ही पहल के आधार पर सख्त कार्रवाई की जाए। ताकि इस काम पर आसानी से नकेल कसी जा सकें। यह मामला CM की अगुवाई में हुई डीसी की मीटिंग में प्रमुखता से उठा था। इस दौरान उन्होंने सभी जिलों के अधिकारियों से इस मामले में रिपोर्ट ली। उन्होंने अधिकारियों को कहा कि अगर इस मुद्दे पर कोई नेता राजनीतिक दखल देता है तो उन्हें बताया जाए। विरोधी दलों की तरफ से भी इस मामले को प्रमुखता से उठाकर सरकार को घेरने की कोशिश की जा रही है। इस चीज को को लेकर गंभीरता दिखाई जाए। राज्य में मिनरल माइनिंग पॉलिसी 2023 के तहत खन्न साइटों की इलेक्ट्रॉनिक निगरानी व जीओ टैगिंग करवाई जानी थी। लेकिन यह प्रोजेक्ट सिरे नहीं चढ़ पाया था। कंट्रोलर व ऑडिट जनरल ने अपनी सालाना समीक्षा रिपोर्ट में भी इस बात का जिक्र किया है। वहीं, CM ने अधिकारियों को माइनिंग के राजस्व बढ़ाने की दिशा में डायरेक्शन दी । उन्होंने कहा है कि लोगों को उचित रेट पर रेत, बजरी मुहैया करवाई जाए। सरकार को माइनिंग से होने वाली आमदन अब तक 225.50 करोड़ पार कर गई है। जो कि इस वित्तीय साल तक 300 करोड़ पार कर जाएगी। गत साल 247 करोड़ की आमदनी हुई थी। पंजाब में अवैध खनन के मामले में पंजाब एंड हरियाणा व NGT में केस चल रहा है। हाईकोर्ट ने तो इस मामले कोर्ट कमिश्नर नियुक्त किया है जो कि इस मामले की स्टडी करेगा। साथ ही पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट को अपनी रिपोर्ट देगा। इसके अलावा हाईकोर्ट रोपड़ जिला प्रशासन ने 10 सालों मे अवैध खनन से जुड़े दर्ज किए केसों की रिपोर्ट मांग चुका है। वहीं, NGT में इस मामले ने भी पंजाब सरकार से समन कर रिपोर्ट मांगी है। मार्च के पहले हफ्ते में केस की सुनवाई तय है।
All-Dcs-In-Punjab-Have-Free-Hand-To-Stop-Illegal-Mining-Cm-Mann-Said-Do-Not-Listen-To-Anyone-If-Any-Leader-Interferes-Then-Let-Him-Know