अमृतसर। गोल्डन टेंपल में योग करने वाली सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अर्चना मकवाना की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) की शिकायत पर पंजाब के अमृतसर में FIR दर्ज की जा चुकी है। अर्चना मकवाना को मिल रही धमकियों के बाद गुजरात की बड़ौदा पुलिस ने उन्हें सुरक्षा दे दी। इसकी जानकारी खुद अर्चना ने दी। इसके बाद अर्चना मकवाना एक सोशल मीडिया पर एक और वीडियो जारी कर कहा- 'मैं एक बार फिर माफी मांगती हूं। मेरा किसी को हर्ट करने का इंटेंशन नहीं था। मुझे मारने और रेप करने की धमकियां दी जा रही हैं।'
उधर, श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी रघबीर सिंह ने कहा- 'श्री हरिमंदिर साहिब (गोल्डन टेंपल) सिख रूहानियत का केंद्र है और यहां संपूर्ण मानव जात को रब्बी एकता का संदेश मिलता है। योग आसन की सिख धर्म में कोई महत्ता नहीं है। सिख धर्म एक न्यारा व निराला धर्म है। जिस बारे में कुछ ताकतें जानबूझकर गलत प्रचार करने में लगी हुई हैं।' ज्ञानी रघबीर सिंह ने कहा कि सिख धर्म अपने आसपास के समाज को त्याग कर अपने शरीर की 72 हजार नाड़ियों में कुंडली जगाने वाला धर्म नहीं है, न ही अपने शरीर को कष्ट देकर नए कर्म करने वाला और जोगियों वाले 84 आसन के साथ साधना करने वाली बुद्धि है। इस पवित्र स्थान की सीमा के भीतर योग आसन आदि क्रियाएं करना सख्त मना है, जिन्हें सिख धर्म में मान्यता नहीं है। गुरुओं ने सिखों को शारीरिक व्यायाम के लिए गतका जैसी मार्शल आर्ट दी है और सिख योग नहीं, बल्कि गतका करते हैं। ज्ञानी रघबीर सिंह ने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) को इस बात पर भी ध्यान देने का आदेश दिया कि भविष्य में सचखंड श्री हरमंदिर साहिब के समूह के भीतर इस तरह के किसी भी कार्य या कार्य की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। हर किसी की अपनी-अपनी मान्यताएं हैं, लेकिन सिख कभी भी ऐसे गलत विचारों को बर्दाश्त नहीं कर सकते, जो सिखों के सिद्धांतों और नैतिकता को चोट पहुंचाते हों।
Controversy-Over-Yoga-Increased-In-The-Golden-Temple-Akal-Takht-Jathedar-Said-It-Has-No-Importance-In-Sikhism-Makwana-Said-Receiving-Threats-Of-Rape-And-Murder