ई न्यूज़ पंजाब, लुधियाना लुधियाना। शहीद सुखदेव थापर मैमोरियल ट्रस्ट ने अमृतसर स्थित जलियांवाला बाग के दर्शनों के लिए टिकट लगाकर व्यापारिक दृष्टिकोण की व्यव्स्था के प्रयासों को आजादी के परवानों का अपमान बताते हुए सरकारी आदेशों को तुरन्त वापिस लेने के लिए देश के राष्ट्रपति को पत्र लिखकर सरकार के नादरशाही फरमान को वापिस लेने की गुहार लगाई। शहीद के वंशज और ट्रस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक थापर व महामंत्री संदीप थापर गोरा ने जलियांवाला बाग के सौंदर्यकरण के नाम पर टिकट लगाने के प्रयासों को व्यापारिक सोच बताते हुए कहा कि शहीदों की शहादतों की बदौलत सता सुख हासिल करने वाले राजनितिज्ञ आजादी के परवानों के खून से लाल हुए कुएं के दर्शनों की कीमत वसूल कर शहीदों की शहादतों का अपमान कर तिजौरियां भरने के प्रयत्न कर रहें है। वो दिन दूर नहीं जब यह लोग जलियांवाला बाग की पावन मिट्टी भी बेच देंगे। उन्होने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अगर केंद्र व राज्य सरकार ने जलियांवाला बाग के दर्शनों के लिए जजिया वसूली के प्रयास किए तो शहीद सुखदेव थापर मैमोरियल ट्रस्ट व शहीद सुखदेव थापर के वंशज समविचारक देश भक्त संगठनो को साथ लेकर सरकार के उक्त कदम का विरोध करेंगे। जरुरत पड़ी तो सता पक्ष से जुड़े विधायको,सांसदो,मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री के निवास अस्थानों का घेराव भी करेंगे। यह विरोध तब तक जारी रहेगा,जब तक व्यापारिक सोच के तहत जलियांवाला बाग के दर्शनों के लिए लगाई जा रही टिकट वसूली के आदेश वापिस नहीं होंगे।
Ashok-Thaper