सिधवां कनाल रोड स्थित बक्लावी बार एंड किचन होटल में शुक्रवार देर रात होटल मालिकों व बिजनेसमैन फैमिली के बीच में हुई मारपीट के बाद भले ही सराभा नगर थाना पुलिस ओर से राजगुरु निवासी अनिरुध गर्ग के बयान पर होटल मालिक एसएस बिंद्रा, उनके बेटों व दो मैनेजर पर धारा 307 के तहत एफआईआर दर्ज कर चुकी हैं, लेकिन दूसरी ओर अब इस मामले में बिंद्रा परिवार से 20 साल के मनमीत सिंह बिंद्रा (बकलावी के सह-मालिक) ने मीड़िया को मौके की पूरी स्थिति बताने को अपना पक्ष भी जारी किया है। जिसमें उनका कहना है कि शुक्रवार रात को पार्टी सुचारू रूप से चल रही थी और दूसरे पक्ष के सभी लोग पूरी तरह से नशे में थे। अधिकतर पार्टी मैंबर्स ने लगभग 11:30 बजे होटल छोड़ दिया, लेकिन लगभग 30-35 सदस्य बचे थे, वे सभी इतने नशे में थे कि वे चल भी नहीं सकते थे। उन्होंने मेरे कर्मचारियों और मेरे प्रबंधकों को गाली देना शुरू कर दिया। मैं ग्राउंड फ्लोर पर किसी मेहमान के साथ बैठा था और मैनेजर आकर उनके पास रोने लगे व कहने लगे कि सर वे हमें बहुत गालियां दे रहे हैं और हम उन्हें संभाल नहीं पा रहे हैं। मैंने उनसे कहा कि कृपया अपनी सिक्योरिटी ले लो, पैमेंट की चिंता मत करो, ये पार्टी हमारे ज्ञात में से ई बुक की गई है। लेकिन नशे में पार्टी के कुछ मैंबर्स ने प्लेटें फेंकना शुरू कर दिया। मैं मौके पर पहुंच गया और उन्होंने हमें गालियां देना शुरू कर दिया और मेरे परिवार के बारे में बहुत सी बातें कहने लगे। मैनें उनसे कहा कि तुम लोग नशे में हो हम कल इस बारे में बात करेंगे। उनमें से एक मेरे पास आया और मेरा कॉलर पकड़ लिया और मुझे गालियां देने लगा और बाकी सदस्यों ने मुझे कस कर पकड़ लिया। दोनों हाथ बुरी तरह से खींच दिए, तब मुझे बहुत दर्द हो रहा था। उन्होंने मेरी ओर प्लेट ग्लास डस्टबिन फेंकना शुरू कर दिया। मैंने उनसे खुद को बचाने की कोशिश की और उन्होंने मेरे सभी स्टाफ सदस्यों को थप्पड़ मारना शुरू कर दिया मैंने अपने भाई को मुझे बचाने के लिए फोन किया क्योंकि वे चाकू लेकर हमारी रसोई में घुसने लगे और कह रहे थे, --की तेनु आज अस्सी मार के जावंगे तू साडे तो पैसे मांगन दी हिम्मत कीवे किती तू सानु जांदा नहीं--। मनमीत के बयान मुताबिक जब वे मुझ पर प्लेटें फेंक रहे थे तो उन्होंने अपने ही सदस्य को सिर पर चोट पहुंचाई और मुझे दोष देना शुरू कर दिया, जबकि मेरी दोनों बाहें हिल नहीं रही थी। बाद में उन्होंने मेरे भाई, मेरे पिताजी (जो मुझे पकड़ने के लिए सिर्फ 5 मिनट के लिए आए थे) और मेरे प्रबंधकों के खिलाफ डीएमसी में प्राथमिकी दर्ज की। जब वे मुझे घूंसा मार रहे थे तो वे कह रहे थे कि -तू देख एथे एसएसपी तेरा बकलवी बंद करोगा- कृपया बताएं कि मेरी गलती कहां है जिसके कारण उन्होंने मेरे नाम पर और 20 साल की उम्र में 307 प्राथमिकी दर्ज की है मुख्य बात यह है कि उन्होंने बिलिंग मुद्दा कहा उन्होंने हमसे कहा कि हमें एंट्री पर आपके किसी भी स्टाफ की आवश्यकता नहीं है। पार्टी आर्गेनाइजर का कहना था कि एंट्री पर मेरे दो सदस्य रहेंगे और वे आपको सभी नाम प्रदान करेंगे। हम मैंबर्स के अनुसर बिल का निपटान करेंगे। वहाँ सूची के अनुसार 100 सदस्य और उन्होंने हमें बताया कि हम केवल 70 के लिए भुगतान करने जा रहे हैं और कहने लगे --दम है तो निकलवा के देख लो--
Bindra Family Kept Their Side In The Assault Case In Baklawi Hotel