चंडीगढ़। पूर्व मंत्री ब्रह्म मोहिंदरा को विजिलेंस ने तलब किया है। 24 फरवरी को उनके आय से अधिक संपत्ति मामले में मोहाली के विजिलेंस कार्यालय में पूछताछ की जाएगी। विजिलेंस ब्यूरो की जांच में सामने आया है कि मोहिंदरा और उनके परिवार के सदस्यों ने पिछले 6 सालों में आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक पैसा खर्च किया है। विजिलेंस ने मोहिंदरा के न्यू चंडीगढ़ स्थित फार्म हाउस समेत अन्य संपत्तियों के रिकॉर्ड की जांच करने के लिए राजस्व अधिकारियों को भी पत्र भी लिखा है। विजिलेंस ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (गमाडा) में तैनात एक अधिकारी की भूमिका की भी जांच की जा रही है, जो मोहिंदरा के साथ विशेष कार्य अधिकारी के रूप में काम करता था। मोहिंदरा कैप्टन अमरिंदर सिंह के नेतृत्व वाली पंजाब कैबिनेट में वरिष्ठता में दूसरे स्थान पर थे। उन्होंने 2017 में मंत्री पद की शपथ ली थी। वह साल 2022 तक स्वास्थ्य, स्थानीय निकायों, चिकित्सा शिक्षा और संसदीय मामलों के मंत्री थे। 1982 में पहली बार पटियाला शहरी से जीते थे 1982 में पटियाला शहरी से पहली बार जीत कर विधायक बने। 1987 और फिर 1992 में फिर पटियाला सिटी से विधायक बने। 1997 में ब्रह्म मोहिंदरा इस सीट से चुनाव हार गए। 2002 में वो समाना विधानसभा से चुनाव लड़े, लेकिन चुनाव हार गए। 2007 में समाना विधानसभा सीट से जीते। 2012 से समाना छोड़कर पटियाला देहाती से चुनाव लड़ा और जीते। 2017 में फिर पटियाला देहाती से जीते। 1992 में पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे। 2017 में पहले सेहत मंत्री बने, फिर लोकल बॉडी मंत्री बनाए गए।
Former Minister Brahm Mohindra On Vigilances Radar Allegations Of Disproportionate Assets And Expenses