लुधियाना। पंजाब में खालिस्तानी समर्थक अमृतपाल सिंह के खिलाफ की गई पुलिस कार्रवाई पर पूरे विश्व से प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। लंदन में जहां सिखों ने भारतीय दूतावास के बाहर प्रदर्शन किया, वहीं कनाडा के सांसद टिम उप्पल ने पंजाब की स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। वहीं कुछ संगठन अमृतपाल सिंह के एनकाउंटर की आशंका जाहिर कर रहे हैं। अमृतपाल सिंह की गिरफ्तारी की चर्चा चलते ही विश्व के सिखों में पंजाब को लेकर चिंता बढ़ गई है। जहां खालिस्तानी समर्थक विश्व के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन कर रहे हैं, वहीं कई सिख पंजाब में अमन-शांति के लिए अरदास कर रहे हैं। कनाडा के कंजरवेटिव पार्टी के सांसद टिम एस. उप्पल ने अमृतपाल पर कार्रवाई पर टिप्पणी करते हुए कहा है- पंजाब से आ रही रिपोर्टों को लेकर चिंतित हूं। सरकार ने इंटरनेट बंद कर दिया है और 4 से अधिक लोगों के जुटने पर पाबंदी है। हम पंजाब के हालात पर नजर बनाए हुए हैं। कनाडा के नेता जगमीत सिंह ने पंजाब में इंटरनेट को बंद किए जाने पर रोष व्यक्त किया है। उन्होंने इसे पंजाब के लोगों के अधिकारों का हनन करार दिया है। WSO ने ऑपरेशन की निंदा की कनाडा के सिख संगठन वर्ल्ड सिख आर्गनाइजेशन (WSO) ने एक बयान जारी कर अमृतपाल सिंह के एनकाउंटर की आशंका जाहिर की है। WSO ने एक बयान में कहा है कि अमृतपाल के खिलाफ पंजाब में चलाए गए सिक्योरिटी ऑपरेशन की निंदा करते हैं। WSO का कहना है कि अमृतपाल की स्थिति को लेकर सभी गहरी चिंता में हैं। आशंका है कि उनकी हिरासत को लेकर फर्जी एनकाउंटर की तैयारी की जा रही है। उनकी एनकाउंटर किया जा सकता है। 80 के दशक में पुलिस करती रही ऐसा WSO का कहना है कि पंजाब पुलिस ने 80 और 90 के दशक में इस तरीके का इस्तेमाल करके कई सिख कार्यकर्ताओं को खत्म किया। WSO ने कनाडा की सरकार से भारत की जिम्मेदारी तय करने और पंजाब में इंटरनेट बहाली का मुद्दा उठाने की मांग भी की है।
Demonstration In The World On Action Against Amritpal Picketing Outside Indian Embassy In London Canada Mp Said Encounter May Happen