ग्यासपुरा गैस हादसे में 11 लोगों की मौत के बाद पंजाब पॉल्यूशन कंट्राेल बोर्ड व नगर निगम की ज्वाइंट दस टीमों की ओर से हादसे के ईदगिर्द करीब 200 मीटर के घेरे में चल रही इंडस्ट्री का रिकार्ड खंगालने व इनके खिलाफ सर्च अभियान शुरु कर दिया है। इस सर्च में नगर निगम व पीपीसीबी ज्वाइंट तौर पर इंडस्ट्री की सैंपलिंग करवा रहा है और इन में इस्तेमाल होने वाले कैमिकल का भी डाटा जुटाने में लग गया है। इस बारे में पीपीसीबी के चीफ इंजीनियर संदीप बहल ने बताया कि बोर्ड के अधिकारी व नगर निगम के अफसर ज्वाइंट तौर पर दस टीमें बनाकर पूरा रिकार्ड खंगाल रही है। इसमें ये भी देखा जाएगा कि कितने रैड कैटेगरी इंडस्ट्री है और कितनी ग्रीन कैटेगरी इंडस्ट्री यहां चल रही है। उन्होंने बताया कि ये इलाका घनी आबादी का एरिया है और इसलिए पूरा आउटपुट आने में एक दो दिन का समय लगेगा। उन्होने बताया कि ये भी डाटा जुटाया जा रहा है कि यहां पर कितनी इलेक्ट्रोप्लेटिंग व पानी डिस्चार्ज करने वाली अन्य इंडस्ट्री है। यहां पर कितनी रैड कैटेगरी इंडस्ट्री जिसमें इलेक्ट्रोप्लेटिंग, निक्कल या अन्य घातक कैमिकल वाली इंडस्ट्री शामिल हैं, अपना डिस्चार्ज जेबीआर कंपनी को उठवा रही है या नहीं, इसकी भी अलग जांच आरंभ की जाएगी। जिसमें सभी तरह के प्वाइंटस को विचारा जाएगा। इस पूरे मामले में कोई इंडस्ट्री जिम्मेदार है, ये फिलहाल जांच का इश्यू है। अगर कोई भी ऐसी लापरवाही घेरे में आता है तो उस पर कानूनी तौर पर सख्त एक्शन लिया जाएगा।
Ppcb And Mc Are Investigating The Record Of Industry In The Area Of 200 Meters Sampling Started