लुधियाना। लुधियाना में नगर निगम चुनाव से पहले वार्डबंदी की घोषणा कर दी गई है। निगम की वार्डबंदी को लेकर विपक्षी पार्टियों में हड़कंप मच चुका है। कांग्रेस के पूर्व मंत्री भारत भूषण आशू की पत्नी पूर्व पार्षद ममता आशू के वार्ड को एससी कर दिया है। जिसके बाद ममता आशू भी वार्डबंदी पर भड़कीं। उन्होंने कहा कि रोंडी डाल कर आम आदमी पार्टी के विधायकों ने वार्डबंदी करवाई है। उन्होंने कहा कि वार्ड में विकास कार्य इतने करवाए हैं कि उनके आगे चुनाव में उम्मीदवार उतारने के लिए आप पार्टी को प्रत्याशी नहीं मिल रहा था। जिस कारण उन्होंने उनका वार्ड एससी कर दिया है। ममता ने कहा कि उनके वार्ड में एससी वोट न के बराबर हैं, लेकिन उनके वार्ड को खत्म करने के लिए जवाहर नगर कैंप व अन्य साथ लगते इलाकों को जोड़ा गया है, ताकि उनका वार्ड खत्म किया जा सके।
जो मर्जी कर लो, एक बार तो आप को बराबर की टक्कर देगें
ममता ने कहा कि आप सरकार चाहें जो मर्जी कर ले। लेकिन एक बार तो बराबर की टक्कर देगें। यदि चुनाव ही लड़ने की बात है तो वह लुधियाना में किसी भी वार्ड से चुनाव लड़ सकती हैं। किसी एक वार्ड का नहीं बल्कि समस्त महानगर के लोगों का साथ उनके साथ है। कांग्रेस कार्यकाल में उन्होंने विकास कार्य करवाए हैं, जिनकी बदौलत आज भी लोग उन्हें सम्मान देते हैं।
48 वार्ड महिलाओं के घोषित
वार्डबंदी का ऐलान होने के बाद निगम चुनाव लड़ने के इच्छुक लोग जोन-D में नई वार्डबंदी की सूची देखने गए तो कइयों के चेहरे मायूस भी हुए। ये वह लोग थे जिनके वार्डों की कैटेगरी बदल गई है। अब कुल 95 वार्डों में 48 वार्ड महिलाओं, 47 वार्ड पुरुषों के है। जिनमें से 14 वार्ड अनुसूचित जाति (जिनमें 7 महिलाओं के लिए आरक्षित) और 2 वार्ड पिछड़ी श्रेणियों के लिए आरक्षित (जिनमें 1 वार्ड महिला के लिए आरक्षित) किया गया है।
Opposition-Dispute-Over-Ward-Ban-Former-Minister-Ashus-Wife-Became-Scs-Ward-Said-Aap-Can-Do-Politics-As-Much-As-They-Want-But-Will-Give-Full-Fight