डेस्क, चंडीगढ़
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने आज पर्ल्स एग्रोटेक कॉर्पोरेशन लिमिटेड (पीएसीएल) घोटाले के सिलसिले में अवैध रूप से नियुक्त पीएसीएल के डायरेक्टर धरमिंदर सिंह संधू को गिरफ्तार कर लिया। इस कंपनी ने करीब 5 करोड़ भोले-भाले निवेशकों को 50,000 करोड़ रुपये का चूना लगाया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि फरार आरोपी धरमिंदर सिंह संधू निवासी रामा मंडी, जालंधर पर स्टेट अपराध पुलिस स्टेशन ने आईपीसी की धारा 406, 420, 465, 467, 468, 471, 384 और 120 बी के तहत के तहत मामला दर्ज किया गया है। ये एफआईआर 21-02-2023 को की गई थी। क्रमांक 01 को गिरफ्तार कर लिया गया है।
उन्होंने कहा कि पी.ए.सी.एल लिम. मेसर्स पी.ए.सी.एल. द्वारा जयपुर (राजस्थान) में पी.ए.सी.एल लिमिटेड के रजिस्टर्ड आफिस में दिनांक 01-01-2022 को एक एजीएम बैठक दिखाई गई। जबकि यह कार्यालय 7-8 वर्षों से बंद है। इस एजीएम में PACL की फर्जी कार्यवाही के आधार पर तीन नए निदेशक हृदपाल सिंह ढिल्लों, संदीप सिंह महल और धरमिंदर सिंह संधू नियुक्त किए गए, जबकि वास्तव में ऐसी कोई बैठक हुई ही नहीं।
उक्त आरोपियों ने लुधियाना के चार्टर्ड अकाउंटेंट सीए जसविंदर सिहं डंग के जरिए रजिर्स्ड आफ कंपनीज जयपुर में अपने जाली दस्तावेज जमा करवाए और कंपनी मामलों के मंत्रालय (एमसीए) की वेबसाइट में अपने नए डायरेक्टर के नाम पंजीकृत करवा लिये। गौरतलब है कि इस मामले में संदीप सिंह माहल और सीए. जसविंदर सिंह डंग पर पहले ही आरोप पत्र दायर किया जा चुका है और वह न्यायिक हिरासत में है।
प्रवक्ता ने कहा कि ये तीन अवैध रूप से नियुक्त किए तीनों डायरेक्टर्स ने न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) आर.एम. लोढ़ा की अध्यक्षता में सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित समिति की अनुमति के बिना पी.ए.सी.एल. लिमिटेड ने संदीप सिंह महल के हस्ताक्षर से विभिन्न व्यक्तियों को नोटिस जारी किए, जिन्होंने संपत्तियां खरीदीं और उनसे धन इकट्ठा करना शुरू कर दिया।
Former-Director-Of-Pearls-Group-Dharminder-Singh-Arrested-In-50-Thousand-Crore-Scam-Case