इनकम टैक्स की छापामारी के बाद कानूनी दांव पेच के घेरे में फंसे रियल स्टेट कारोबारी और विपन सूद काका ने शिरोमणि अकाली दल को बाय-बाय करते हुए दोबारा से भाजपा का दामन थाम लिया है। चंडीगढ़ में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ और प्रदेश महासचिव परमिंदर बराड की मौजूदगी में काका ने भाजपा में ज्वाइनिंग की। इस अवसर पर भाजपा के जिला प्रधान रजनीश धीमान, प्रदेश महासचिव अनिल सरीन सहित अन्य नेता मौजूद थे। बड़ी बात है कि करीब 4 महीने पहले प्रॉपर्टी कारोबारी विपन सूद काका के ठिकानों पर इनकम टैक्स की रेड हुई थी और उसके बाद से ही कई तरह के कयास लगाए जा रहे थे। हालांकि इस छापामारी से पहले शिरोमणि अकाली दल के प्रधान सरदार सुखबीर सिंह बादल की ओर से विपन काका को लुधियाना लोकसभा सीट से अपना उम्मीदवार घोषित किया गया था। लेकिन जैसे-जैसे चुनाव का समय नजदीक आता गया वैसे-वैसे काका की लोकसभा के की बतौर उम्मीदवार दावेदारी ढीली होती गई। कहा यह भी जा रहा है कि कुछ दिनों पहले ही काका ने सुखबीर सिंह बादल के समक्ष लोकसभा चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया गया था और यही कारण है कि लुधियाना से सुखबीर सिंह बादल की ओर से पूर्व विधायक रणजीत सिंह ढिल्लो को टिकट दिया गया है । हालांकि सुखबीर सिंह बादल लुधियाना से किसी हिंदू चेहरे को चुनाव मैदान में उतरना चाहते थे । बड़ी बात है कि शिअद की ओर से लुधियाना से लोकसभा उम्मीदवार के तौर पर रणजीत सिंह ढिल्लो की दावेदारी पेश करने के दो दिन बाद ही काका ने भाजपा में दोबारा से जॉइनिंग कर ली । बड़ी बातें कि काका सूद क्रीम करीब 6 साल पहले भाजपा में ही थे और उसके बाद उन्होंने लोक इंसाफ पार्टी ज्वाइन की थी। इसके बाद वह शिरोमणि अकाली दल में शामिल हुए थे।
Vipan-Sood-Kaka-Stuck-In-The-Income-Tax-Trap-Returns-To-Bjp-Again