पंजाब की सबसे बड़ी नगर निगम की बिल्डिंग ब्रांच को टेक्नीकल नहीं, ब्लकि सड़कें बनाने वाले इंजीनियर चला रहे हैं। ये स्थिति पिछले करीब दो साल से अधिक समय से बनी हुई है। लुधियाना नगर निगम में पंजाब सरकार की ओर से म्यूनिसिपल टाउन प्लानर लगाया तो गया है, लेकिन उसकी कारगुजारी न के बराबर है। हैरानी की बात ये है कि इन एमटीपी महाशय को लुधियाना निगम में आए करीब तीन साल का वक्त गुजर गया है और इस बीच लुधियाना में तीन निगम कमिश्नर बदल चुके हैं। लेकिन किसी भी निगम कमिश्नर ने इन एमटीपी महाशय का ट्रांसफर कर लुधियाना में कोई नया एमटीपी सरकार से नहीं मांगा और इसका नतीजा है कि इन तीन सालों में बीएंडआर ब्रांच के अफसरों को बिल्डिंग ब्रांच का नशा चढ़ गया है। यानि लुधियाना के नगर निगम कमिश्नर की ओर से बिल्डिंग ब्रांच में एमटीपी का चार्ज बीएंडआर ब्रांच के दो एसई स्तर के अफसरों को दिया गया है। अगर छह से आठ महीने पहले की बात की जाए तो इस बिल्डिंग ब्रांच में बतौर एमटीपी का चार्ज बीएंडआर के एक अन्य एसई रणजीत सिंह को दिया गया था और उनकी बिल्डिंग ब्रांच में कारगुजारी के किस्से अभी तक चर्चा में हैं। उक्त एसई को ताजा ताजा एसई सेंट्रल का चार्ज मिला है, लेकिन इसके बावजूद वे फिर से बिल्डिंग ब्रांच में एमटीपी लगने को जोड़ तोड़ लगा रहा है। ऐसे में सवाल खड़ा ये होता है कि इस एसई को बिल्डिंग ब्रांच में ऐसा क्या मिला कि वे दोबारा से इस ब्रांच में आने को हाथ पैर मार रहा है। बताया जाता है कि कुछ समय पहले ही ये एसई साहिब आस्ट्रेलिया दौरा कर वापिस लौटे हैं और उनके पीछे से बिल्डिंग ब्रांच में ए व बी जोन का बतौर एमटीपी चार्ज बीएंडआर एसई प्रवीण सिंगला और सी व डी जोन का चार्ज एसई संजय कंवर को दे दिया गया।
--------
सरकार की ओर से लगाया एमटीपी को किया गया खुडडे लाइन
ऐसा नहीं कि लुधियाना में टेक्नीकल एमटीपी नहीं। लोकल गर्वमेंट की ओर से करीब तीन साल पहले लुधियाना में जालंधर से रजनीश वधवा को एमटीपी बना कर लुधियाना भेजा था। लेकिन ये एमटीपी साहिब गलत काम करते नहीं, लेकिन सही कामों में अडंगा अडाए फिरते थे, जिसके चलते पूर्व मेयर बलकार सिंह, तत्कालीन कौंसलर्स व यहां तक की तत्कालीन नगर निगम कमिश्नर भी इनसे तंग आ गए। जिसके बाद रजनीश वधवा लुधियाना में बतौर एमटीपी के पद पर रह कर वेतन तो ले रहे हैं, लेकिन एमटीपी वाला कोई काम नहीं कर रहे हैं। हैरानी की बात है कि रजनीश वधवा के लुधियाना रहते तीन नगर निगम कमिश्नर बदल चुके हैं, लेकिन किसी भी नगर निगम कमिश्नर ने लुधियाना में नया एमटीपी लगाने की मांग नहीं की।
-----------
Se-Sahib-Is-Not-Able-To-Break-His-Attachment-With-Building-Branch