चंडीगढ़। 27 अप्रैल को ZEE5 पर रिलीज होने वाले लॉरेंस ऑफ पंजाब डॉक्यूमेंट्री को लेकर अब पुलिस एक्शन में आ गई है। इस संबंध में केंद्र सरकार को पत्र लिखा गया है। साइबर क्राइम शाखा ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर कहा कि कि फिल्म के प्रसारण पर रोक लगाई जाए। सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 69A(1) लागू करने की मांग की है। यह धारा सरकार को संप्रभुता, सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था के हित में ऑनलाइन कंटेंट ब्लॉक करने का अधिकार देती है। वहीं, इस मामले में कांग्रेस प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर रोक लगाने की मांग की है। पुलिस ने इस सीरीज़ के ट्रेलर को वैश्विक स्तर पर ब्लॉक करने की भी मांग की है। उनका कहना है कि इससे सार्वजनिक व्यवस्था पर असर पड़ सकता है, युवाओं में कट्टरपंथ बढ़ सकता है और संगठित अपराध के खिलाफ चल रही कार्रवाई प्रभावित हो सकती है।
समाज में अपराध का महिमामंडन करती है वेब सीरिज: वड़िंग
वड़िंग ने पीएम को लिखे पत्र में चिंता व्यक्त की है कि यह वेब सीरीज समाज में अपराध का महिमामंडन करती है। उन्होंने तर्क दिया कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के जीवन पर आधारित इस तरह की सामग्री न केवल युवाओं को गलत संदेश देती है, बल्कि पंजाब की शांति और सुरक्षा के लिए भी खतरा पैदा कर सकती है। वड़िंग ने लिखा कि मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि कृपया सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय को इस वेब सीरीज की रिलीज पर रोक लगाने के निर्देश जारी करें। ऐसी सामग्री समाज में हिंसा और अपराधीकरण को बढ़ावा देती है।